Press "Enter" to skip to content

दिग्विजय को जिताने का दावा करने वाले बाबा ने समाधि लेने को कलेक्टर से मांगी अनुमति

Want create site? Find Free WordPress Themes and plugins.

भोपाल। हाल ही में हुए लोकसभा चुनाव के दौरान यज्ञ कर कांग्रेस के नेता दिग्विजय सिंह को भोपाल से जिताने का दावा करने वाले बाबा वैराग्यनंद गिरी ने भोपाल कलेक्टर को पत्र लिखकर 16 जून को समाधि लेने के लिए अनुमति मांगी है। कलेक्टर तरूण कुमार पिथोड़े ने हालांकि इसकी अनुमति देने से इनकार कर दिया है और पुलिस को बाबा के जानमाल की सुरक्षा करने को कहा है।

लोकसभा चुनाव के वक्त दिग्विजय को जिताने के लिए यज्ञ करते वक्त बाबा वैराग्यनंद ने ऐलान किया था कि यदि दिग्विजय सिंह भोपाल सीट से चुनाव नहीं जीते तो वह समाधि ले लेंगे। इस चुनाव में दिग्विजय सिंह को भाजपा की प्रत्याशी प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने 3.64 लाख से अधिक मतों से पराजित कर दिया, जिसके बाद बाबा वैराग्यनंद से समाधि लेने को लेकर काफी सवाल उठने लगे थे और वह अचानक गायब हो गए थे।

स्थानीय अधिवक्ता माजिद अली ने शुक्रवार को बताया कि बाबा वैराग्यनंद गिरी महाराज ने 13 जून को भोपाल कलेक्टर को एक आवेदन दिया है, जिसमें उन्होंने कलेक्टर से मांग की है कि 16 जून को उन्हें (बाबा वैराग्यनंद) ब्रह्मलीन समाधि लेने की स्वीकृति दी जाए और इसके लिए जगह भी बताई जाए, ताकि ब्रह्मलीन समाधि के दौरान बाबा की शांति में व्यवधान न हो। उन्होंने कहा कि इस आवेदन में बाबा वैराग्यनंद ने लिखा है कि मेरे द्वारा हाल ही में हुए लोकसभा चुनाव के दौरान भोपाल संसदीय क्षेत्र के प्रत्याशी दिग्विजय सिंह के पक्ष में कांग्रेस का प्रचार करते हुए मैंने उनके विजय की कामना के लिए एक यज्ञ हवन करते हुए संकल्प लिया था कि यदि दिग्विजय सिंह को भोपाल संसदीय चुनाव में पराजय का सामना करना पड़ा तो मैं हवनकुण्ड में ब्रह्मलीन समाधि लूंगा। इसमें उन्होंने आगे लिखा है कि दिग्विजय सिंह भोपाल संसदीय क्षेत्र से पराजित हो चुके हैं और मैं अपने संकल्प पर दृढ़ संकल्पित रहते हुए अपने संकल्प को पूर्ण करना चाहता हूं। इस समय मैं कामाख्या धाम (गुवाहाटी) में तपस्यारत हूं।

बाबा वैराग्यनंद ने आगे लिखा कि सकल संत पंचों के परामर्श के जरिए यह समाधि लेने हेतु विधि विधान के अनुरूप 16 जून 2019 को दो बजकर 11 मिनट पर अनुराधा नक्षत्र चतुर्दशी को मैंने ब्रह्मलीन समाधि लेने का निश्चय किया है, ताकि मैं अपना संकल्प पूर्ण कर सकूं। मुझे पूर्ण विश्वास है कि प्रशासन द्वारा मुझे पूर्ण सहयोग कर मेरी धार्मिक भावनाओं का सम्मान करते हुए मुझे ब्रह्मलीन समाधि लेने हेतु स्थान निर्धारण करते हुए स्वीकृति प्रदान करने का कष्ट करें। इस आवेदन पर वैराग्यनंद गिरी महाराज की ओर अधिवक्ता माजिद अली ने हस्ताक्षर किए हैं।

अली ने बताया कि उसे वैराग्यनंद ने इस आवेदन पर हस्ताक्षर करने के लिए अधिकृत किया है। अली भोपाल जिला न्यायालय में निजी वकालत करते हैं। वहीं, कलेक्टर पिथोड़े ने बताया कि समाधि लेने के लिए वैराग्यनंद गिरी महाराज का 13 जून को आवेदन आया था। इस तरह की अनुमति नहीं दी जा सकती है। इसके बारे में मैंने पुलिस को पत्र लिखा है और उनको कहा है कि वैराग्यनंद की जानमाल की सुरक्षा करें।’

Did you find apk for android? You can find new Free Android Games and apps.
More from देश प्रदेशMore posts in देश प्रदेश »

Be First to Comment

    प्रातिक्रिया दे

    आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

    Mission News Theme by Compete Themes.